विशेष संवाददाता
नई दिल्ली । दिल्ली के जामा मस्जिद के शाही इमाम अहमद बुखारी ने यूपी विधानसभा चुनाव में बीएसपी को समर्थन देने का ऐलान किया है। एक निजी न्यूज चैनल से बातचीत में इमाम बुखारी ने समाजवादी पार्टी पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया है। इमाम ने बीएसपी को समर्थन देने का ऐलान तब किया है जब यूपी में 2 दिन बाद पहले चरण के लिए वोटिंग होनी है। लेकिन सवाल उठता है की क्या मुस्लिम इस बार धर्मगुरूओ की अपील पर वोट डालेंगे ।
यूपी के पिछले विधानसभा चुनाव में इमाम बुखारी ने समाजवादी पार्टी का समर्थन किया था और मुलायम सिंह यादव के साथ मंच भी साझा किया था। 2012 में समाजवादी पार्टी सत्ता में तो आई लेकिन इमाम बुखारी के दामाद उमर अली खान चुनाव हार गए। बाद में समाजवादी पार्टी ने अपने कोटे से खान को एमएलसी भी बनवाया। लेकिन आगे चलकर एसपी और इमाम बुखारी में तल्खी बढ़ती गई। एसपी नेता आजम खान तो इमाम बुखारी को आईएसआई का एजेंट होने तक का आरोप लगाया।
पिछले महीने भी इमाम बुखारी ने समाजवादी पार्टी के खिलाफ बयान दिया था। पिछले महीने उन्होंने मुस्लिमों से अपील की थी समुदाय को धोखा देने के लिए समाजवादी पार्टी को विधानसभा चुनाव में सबक सिखाना चाहिए। इमाम बुखारी ने आरोप लगाया था कि 2012 विधानसभा चुनाव से पहले मुलायम सिंह ने उनका समर्थन लिया और मुस्लिमों को 18 प्रतिशत आरक्षण दिलाने जैसे कई वादे किए, लेकिन एसपी सरकार ने वादाखिलाफी की है। बुखारी एक बार बीजेपी के पक्ष में वोट डालने का फतवा भी जारी कर चुके हैं। 2004 लोकसभा चुनाव में उन्होंने मुस्लिमों से बीजेपी के पक्ष में वोटिंग का फतवा जारी किया था।

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