आलिया की ऩई मुसीबत

आलिया की ऩई मुसीबत

बॉलीवुड में काफी कम समय में स्टारडम हासिल करने वाली एक्ट्रेस आलिया भट्ट अपने ‘आईक्यू’ के लिए भी मशहूर हैं. बहरहाल, बीते कुछ समय से उन्हें अपनी मां सोनी राजदान को रुपहले पर्दे पर देखने का जबरदस्त चस्का लगा है. यही वजह है कि उन्होंने अपनी फिल्म ‘राजी’ में उन्हें कॉस्ट कराया. यही नहीं, आलिया ने उनकी कई अन्य फिल्मों का भी दमदार प्रमोशन किया. लेकिन सोनी राजदान की हालिया बयानबाजी आलिया के लिए मुसीबत खड़ी कर सकती है, जिसमें वह पाकिस्तान में ‘शिफ्ट’ होने का तर्क दे रही हैं.यह ट्रोलर्स को रास नहीं आया और सोशल मीडिया में बात का बतंगड़ बनते देर कहां लगती है.

हमाम में सब नंगे हैं

नेटफ्लिक्स की लोकप्रिय वेब सीरीज ‘सेक्रेड गेम्स’ के पहले सीजन ने कई गुमनाम सितारों को लोकप्रिय बनाया है. यही वजह है, दूसरे सीजन की घोषणा के बाद बड़े एक्टर अनुराग कश्यप को कॉस्टिंग के लिए अप्रोच करने लगे. लेकिन, बाजी मार ली अभिनेत्री कल्कि कोचलिन ने. खबर है, कल्कि ‘सेक्रेड गेम्स’ के दूसरे सीजन में अभिनय करेंगी. जानकारों के मुताबिक, कल्कि को लांच करने का क्रेडिट अनुराग को जाता है और दोनों कुछ साल वैवाहिक जीवन भी जी चुके हैं. ऐसे में अपनी एक्स वाइफ को कॉस्ट करने के चलते अगर उन्हें ‘नेपोटिज्म’ के ताने मिलें, तो कोई बड़ी बात नहीं, क्योंकि एक लेवल पर वे भी अपने जाने-पहचाने एक्टर्स को ही रीकॉस्ट करते रहते हैं. जाहिर है, हमाम में सिर्फ करण जौहर ही नंगे नहीं हैं.

नेटफ्लिक्स से खफा दिल्ली पुलिस

नेटफ्लिक्स की क्रिटिकल एक्कलेम्ड सीरीज ‘डेल्ही क्राइम’ कानूनी पचड़े में फंसती नजर आ रही है. दरअसल, निर्भया प्रकरण पर आधारित इस फिल्म में दिल्ली पुलिस की जांच प्रणाली और काम करने के तरीके को बहुत रिएलेस्टिक अंदाज में दिखाया गया है. लेकिन, यह अंदाज नागवार गुजरा मामले के दौरान वसंत विहार थाने के प्रभारी रहे अनिल शर्मा को. उन्होंने आरोप लगाया कि नेटफ्लिक्स ने अपने कमर्शियल प्रॉफिट के लिए उनके किरदार को बेवकूफ और गैर जिम्मेदार दिखाया है, जबकि उन्होंने बड़ी मेहनत और ईमानदारी से काम किया था. खफा अनिल नेटफ्लिक्स के खिलाफ पर केस दर्ज कराने की सोच रहे हैं. हालांकि, नेटफ्लिक्स अपने डिस्क्लेमर का हवाला देकर मामले से पल्ला झाड़ रहा है. लगता है, दिल्ली पुलिस अब नेटफ्लिक्स की ‘ठीक’ से जांच-पड़ताल करने के मूड में है.

रॉ से राजी नहीं है जॉन

जॉन अब्राहम अपनी एक्शन छवि से उकता कर सामाजिक सिनेमा की तरफ कुछ वैसे ही मुड़े हैं, जैसे उनके गुरु अक्षय कुमार ने मुडक़र हिट मशीन का खिताब हासिल किया है.

बीते कुछ सालों की उनकी फिल्में मद्रास कैफे, विकी डोनर एवं परमाणु आदि इस बात की तस्दीक करती हैं. उनकी आगामी फिल्म रोमियो अकबर वॉल्टर यानी रॉ भी इसी श्रेणी की है. बहरहाल, उन्हें शिकायत है कि लोग रिलीज से पहले ही उनकी फिल्म को आलिया भट्ट अभिनीत ‘राजी’ का मेल वर्जन बता रहे हैं. कहा जा रहा है कि दोनों फिल्मों की कहानी और थीम में समानता है, सिर्फ एक्टर्स का फर्क है. अब खिसियाए जॉन सिवाय खंडन के भला और कर भी क्या सकते हैं.

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